IBM ने अपना पहला डुअल-ISA प्रोसेसर कोर तैयार किया है — एक ऐसा चिप जो ARM और z/Architecture, दोनों इंस्ट्रक्शन सेट को एक साथ, बिना किसी अलग ट्रांसलेशन लेयर के, नैटिवली चला सकता है। यह बात इसलिए अहम है क्योंकि यह दिखाती है कि मेनफ्रेम हार्डवेयर अब मिश्रित AI और एंटरप्राइज़ वर्कलोड को साथ संभालने की दिशा में कैसे बदल रहा है, और यह बदलाव आगे चलकर AI तथा कनेक्टेड डिवाइसेज़ की पूरी इन्फ्रास्ट्रक्चर को प्रभावित कर सकता है।
असल में हुआ क्या
Tom's Hardware की रिपोर्ट के मुताबिक, IBM के अगली पीढ़ी के मेनफ्रेम AI प्रोसेसर में एक डुअल-ISA कोर है जो एक ही कोर के भीतर ARM और z/Architecture, दोनों इंस्ट्रक्शन सेट को नैटिवली एक्ज़ीक्यूट करता है। यह चिप 2nm प्रोसेस नोड पर बना है और इसमें 11 कोर हैं। रिपोर्ट के अनुसार हर कोर 5.7 GHz की बेस फ्रीक्वेंसी पर चलता है। IBM का कहना है कि यह उसका पहला ऐसा कोर है जो बिना किसी ट्रांसलेशन लेयर के दो अलग-अलग इंस्ट्रक्शन सेट आर्किटेक्चर को संभाल सकता है, जिससे उसकी मेनफ्रेम लाइन में सॉफ्टवेयर सपोर्ट का दायरा और बढ़ जाता है। रिपोर्ट में इसे IBM की उस कोशिश के हिस्से के तौर पर देखा गया है, जिसमें कंपनी एक ही मेनफ्रेम चिप पर ज़्यादा तरह के वर्कलोड चलाने की क्षमता बढ़ाना चाहती है — यानी एंटरप्राइज़-ग्रेड z/Architecture कोड को ARM-आधारित सॉफ्टवेयर के साथ जोड़ना।
यहां तक का सफर
मेनफ्रेम अब तक एक ही, प्रोप्राइटरी इंस्ट्रक्शन सेट पर निर्भर रहे हैं, जो उन्हें फोन, एज डिवाइस और अब क्लाउड सर्वर में आम हो चुके ARM-आधारित चिप्स से अलग करता है। एक ही कोर पर दो आर्किटेक्चर चलाना, वह भी एमुलेशन या अलग-अलग चिप्स के बजाय, IBM के हार्डवेयर डिज़ाइन के तरीके में एक बुनियादी बदलाव है। यह कदम उस व्यापक इंडस्ट्री ट्रेंड से मेल खाता है, जिसमें चिप डिज़ाइन को कम और सघन कंपोनेंट्स पर ज़्यादा तरह के वर्कलोड संभालने लायक बनाया जा रहा है, खासकर जब प्रोसेस नोड 2nm की ओर सिकुड़ रहे हैं। मौजूदा रिपोर्टिंग में IBM की पिछली मेनफ्रेम चिप पीढ़ियों और इस डिज़ाइन की उनसे तुलना को लेकर कोई विस्तृत जानकारी नहीं दी गई है।
आपके लिए क्यों मायने रखता है
IBM मेनफ्रेम चलाने वाले एंटरप्राइज़ के लिए, नैटिव ARM सपोर्ट का मतलब है कि आधुनिक, ARM-कंपाइल्ड AI और क्लाउड सॉफ्टवेयर को पुराने z/Architecture सिस्टम के साथ बिना अतिरिक्त एमुलेशन ओवरहेड के चलाना आसान हो सकता है। चिप निर्माताओं और इन्फ्रास्ट्रक्चर प्रोवाइडर्स के लिए यह संकेत है कि डुअल-ISA डिज़ाइन आगे चलकर AI कंप्यूट को पारंपरिक एंटरप्राइज़ प्रोसेसिंग के साथ जोड़ने का एक मॉडल बन सकता है। वियरेबल और AR डिवाइस समेत AI-संचालित सेवाओं के आम इस्तेमाल करने वालों के लिए, तेज़ और ज़्यादा लचीले बैकएंड चिप्स का मतलब आगे चलकर तेज़, ज़्यादा कुशल AI प्रोसेसिंग हो सकता है, हालांकि IBM ने अभी कंज़्यूमर या एज डिप्लॉयमेंट को लेकर कोई सीधी योजना नहीं बताई है।
बड़ा सवाल
IBM का यह डुअल-ISA कोर चिप डिज़ाइन को लेकर एक बड़ा सवाल खड़ा करता है। अगर एक ही कोर दो बिल्कुल अलग इंस्ट्रक्शन सेट नैटिवली चला सकता है, तो क्या इंडस्ट्री को एंटरप्राइज़ सिस्टम और AI वर्कलोड के लिए अलग-अलग प्रोसेसर लाइनों की ज़रूरत बची रहेगी? या फिर एक ही चिप पर आर्किटेक्चर को मिलाना ही लंबे समय में ज़्यादा कारगर रास्ता साबित होगा, जो मेनफ्रेम से लेकर लोगों के पहनने वाले डिवाइसेज़ तक, भविष्य के हार्डवेयर के बनने के तरीके को बदल देगा?
आगे क्या देखना है
उपलब्ध रिपोर्टिंग के मुताबिक, IBM ने इस प्रोसेसर के लिए अभी तक कोई सार्वजनिक रिलीज़ डेट, प्रोडक्ट नाम या लॉन्च इवेंट घोषित नहीं किया है। IBM की अगली हार्डवेयर जानकारी में आधिकारिक स्पेसिफिकेशन, बेंचमार्क डेटा और डिप्लॉयमेंट टाइमलाइन पर नज़र रखनी होगी। यह डुअल-ISA डिज़ाइन IBM की पिछली मेनफ्रेम चिप्स से किस तरह अलग है, इस पर आगे आने वाली रिपोर्टिंग से इसके असल प्रभाव को समझना आसान होगा।



